Breakup status in Hindi

दुआओ को भी अजीब इश्क है मुझसे… वो कबूल तक नहीं होती मुझसे जुदा होने के डर से!!!!!
समझदार ही करते है अक्सर गलतिया, कभी देखा है किसी पागल को मोहब्बत करते.
लो..बदल गया मिजाज-ऎ-मौसम…. हुबहू तुम्हारी तरह..!!!।
गुज़रे है आज इश्क के उस मुकाम से, नफरत सी हो गयी है मोहब्बत के नाम से ।
मैं क्यूँ कुछ सोच कर दिल छोटा करूँ.. वो उतनी ही कर सकी वफ़ा जितनी उसकी औकात थी..
महफिल लगी थी बद दुआओं की, हमने भी दिल से कहा, उसे इश्क़ हो, उसे इश्क़ हो, उसे इश्क़ हो!!
निग़ाहों से भी चोट लगती है ज़नाब ज़ब कोई देखकर भी अनदेखा कर देता है.
तुम्हें कितनी मोहब्बत है… मालूम नहीं …. मुझे लोग आज भी तेरी क़सम दे कर मना लेते है
शक तो था मोहब्बत में नुक़सान होगा पर सारा हमारा ही होगा ये मालूम न था ।
इतने भी ‪प्यारे नही हो ‪तुम, बस मेरी ‪चाहत ने तुम्हे ‪सर पर चढा रखा है.
आज का ज्ञान..!! लड़की और नौकरी तभी छोड़ें..जब दूसरी हांथ में हो..!!
आख़िर तुम भी उस आइने की तरह ही निकले…जो भी सामने आया तुम उसी के हो गए.!!
“इश्क” का धंधा ही बंघ कर दिया साहेब। मुनाफे में “जेब” जले, और घाटे में “दिल”!
लोग इन्सान देखकर मोहब्बत करते हैं, मैने मोहब्बत करके इन्सानों को देख लिया।
ख़ुशी कहा हम तो “गम” चाहते है, ख़ुशी उन्हे दे दो जिन्हें “हम” चाहते हे.
लडकी तो बहुत सी #पट जाती है #साला_जिसको दिल से चाहा है,वही #नखरे_दिखाती है.
और भी बनती लकीरें दर्द की शुकर है खुदा तेरा जो हाथ छोटे दिए ..
तजुर्बे ने एक ही बात सिखाई है , नया दर्द ही पुराने दर्द की दवाई है . . . . . ! ! ! !
खुद पूछो अपने दिल से कि मुझको भुलाना चाहता है ??? अगर वो ” हाँ ” कह दे तो कसम से मोहब्बत छोड़ दूँगा।
बिकने वाले और भी है , जाओ जा कर खरीद लो हम कीमत से नही किस्मत से मिला करते है
“टुकड़े पड़े थे राह में किसी हसीना की तस्वीर के, लगता है कोई दीवाना आज समझदार हो गया”
तेरे बाद किसी को प्यार से ना देखा हमने, हमें इश्क का शौक है आवारगी का नही!!
प्यार तो आज भी है तूजसे है..यू ही नही रोज रोज तेरा #DP देख लीयॉ करते हे.
“चली जाने दो उसे किसी ओर की बाहों मे ,इतनी चाहत के बाद जो मेरी ना हुई, वो किसी ओर कि क्या होगी”
छोड़ दो किसी से वफा की आस ऐ दोस्त जो रूला सकता हैं वो भुला भी सकता हैं !!
तुझसे अच्छे तो जख्म हैं मेरे । उतनी ही तकलीफ देते हैं जितनी बर्दास्त कर सकूँ ।।
ऐसा नहीं कि दिल में तेरी तस्वीर नहीं थी, पर हाथो में तेरे नाम की लकीर नहीं थी.
“उम्र चाहे कितनी भी हो मेरी पर दिल आज भी तुम्हे बच्चों की तरह चाहता है।”
“सारी दुनियाँ की खुशी अपनी जगह, उन सब के बीच तेरी कमी अपनी जगह”
“ऐ ‘ख़ुदा” तू कभी इश्क न करना.. बेमौत मरा जायेगा ! हम तो मर के भी तेरे पास आते है पर तू कहा जायेगा”
प्यार करता हु इसलिए फ़िक्र करता हूँ, नफरत करुगा तो जिक्र भी नही करुगा.
गलत फ़हमियों से भी ख़त्म हो जाते है रिश्ते… हमेशा कसूर गलतियों का नहीं होता !!!
पगली तू बात करने का मौका तो दे, कसम से कहता हु, रूला देंगे तुझे तेरे ही सितम गिनाते गिनाते.
मैं क्या जानूँ दर्द की कीमत ? मेरे अपने मुझे मुफ्त में देते हैं .
माफ़ी गल्तियों की होती है ..धोखे की नहीं
हम सादगी में झुक क्या गए , तुमने तो हमे गिरा हुआ ही समझ लिया.
जरा देखो तो ये दरवाजे पर दस्तक किसने दी है, अगर ‘इश्क’ हो तो कहना, अब दिल यहाँ नही रहता..
बचपन से बादाम खा रहा हू । तुझे भूलाना मुश्किल ही नहीं नामुमकिन है।।
बिछड़ने वाले तेरे लिए एक मशवरा है, कभी हमारा ख्याल आए, तो अपना ‘ख्याल’ रखना .!!
“मुझे इतना याद आकर बेचैन ना करो तुम, एक यही सितम काफी है कि साथ नहीं हो तुम”
अगर “बेवफाओं” की अलग ही दुनिया होती तो मेरी वाली वहाँ की “रानी” होती..!!
“तेरे गुरूर को देखकर तेरी तमन्ना ही छोड़ दी हमने, जरा हम भी तो देखे कौन चाहता है तुम्हे हमारी तरह.”
“पगली तेर लिये इस दिल ने कभी बुरा नही चाहा, ये और बात है मुझे साबित करना नहीं आया…!”
मेरी आँखों में आँसू नहीं बस कुछ नमी है.? वजह तू नहीं  तेरी ये कमी है.?
मैं आईना हूँ टूटना मेरी फितरत है, इसलिए पत्थरों से मुझे कोई गिला नहीं।
शोहरत अच्छी होती है, गुरूर अच्छा नहीं होता.. अपनों से बेरुखी सेे पेश आना, हुज़ूर अच्छा नहीं होता ..
ये पतंग भी बिल्कुल तुम्हारी तरह निकली जरा सी हवा क्या लग गई हवा में उडने लगी.
“मुझे ढूंढने की कोशिश अब न किया कर, तूने रास्ता बदला तो मैंने मंज़िल बदल ली”
मोहब्बत के बारे मे बस इतना ही कहेगें बेमिसाल सजा है, बेगुनाहो के लिए.!!
कितना मुश्किल हे मोहबत की कहानी लिखना,जेसे पानी से पानी पर पानी लिखना ।
हमने गुज़रे हुए लम्हों का हवाला जो दिया हँस के वो कहने लगे रात गई बात गई ……
“वो अपनी ज़िंदगी में हुआ मशरूफ इतना वो किस-किस को भूल गया उसे यह भी याद नहीं.”
मुझमे खामीया बहुत सी होगी मगर, एक खूबी भी है मे कीसी से रीश्ता मतलब के लीये नही रखता.
खुद  को माफ़ नहीं कर पाओगे, जिस दिन जिंदगी में हमारी कमी पाओगे.
लड़की गैलरी से नहीं ##SALARY से पटती है.
KOI WAHA TAK MAAF KARTA HAI, JAHA TAK WOH PYAAR KARTA HAI.
“अजीब मेरा अकेलापन है… तेरी चाहत भी नहीं और तेरी जरूरत भी है”
खुद को मेरे दिल में छोड गये हो, तुम्हें तो ठीक से बिछडना भी नहीं आता।
दर्द नसीब से मिलता है मेरी जान औक़ात कहाँ है तेरी मुझे तड़पाने की..?
“नादान है मेरा दील कैसे समझाऊं की तु जीसे खोना नहीं चाहता… वो तेरा होना नहीं चाहता…”
हमने दिल वापस मांगा तो वो सर झुका कर बोला , वो तो टूट गया खेलते-खेलते.!!
उसे बारिश ☂ मे भीगना अच्छा लगता है ओर ‪‎मुझे सिर्फ़ बारिश मे भीगती हुयी ‪‎वो
“अब क्या याद करने पर भी जुर्माना करोगे, वो भी चुका देंगे तो क्या बहाना करोगे?”
पगली मैं तो तुजे तब से चाहता हूँ जब Goldflake दो रूपये में आती थी ।
काश..! कि वो लौट आयें मुझसे यह कहने, कि तुम कौन होते हो मुझसे बिछड़ने वाले..!!!
“बड़े सुकून से वो रहता है आज कल मेरे बिना, जैसे किसी उलझन से छुटकारा मिल गया हो उसे”
बारिश  के बाद तार पर ‪टंगी ‪आख़री ‪‎बूंद से पूछना, क्या होता है ‪‎अकेलापन .
मेरी हर आह को वाह मिली है यहाँ….. कौन कहता है दर्द बिकता नहीं है ..
आख़िर तुम भी उस आइने की तरह ही निकले, जो भी सामने आया तुम उसी के हो गए…”
तजुर्बे ने एक ही बात सिखाई है , नया दर्द ही पुराने दर्द की दवाई है . .!!
तू इतना प्यार कर जितना तू सह सके, बिछड़ना भी पड़े तो ज़िंदा रह सके…!!
“कौन देता है उम्र भर का सहारा , लोग तो जनाजे में भी कंधे बदलते रहते हैं.”
वो पूरी LIFE अपनी IMAGE बनाने में रह गए.. और हम पूरी Gallary बना गए !!
मेरा हाल देखकर मोहब्बत भी शर्मिंदा है कि ये शख्स सब कुछ हार गया, फिर भी ज़िंदा है.
जिस रोज तेरे चाहने वालो को तू बेहद बुरी लगेगी, उस दिन भी तू हमे बेहद खूबसूरत लगेगी .
चल हो गया फैसला कुछ कहना ही नहीं ..TU जी ले मेरे ‪बगैर मुझे ‪जीना ही नहीं.
लिख देना ये अल्फाज मेरी कबर पे…!! मोत अछी है मगर दिल का लगाना अच्छा नहीं…!!
बिछड कर फिर मिलेंगे यकीन कितना था, ख्वाब हीं था लेकिन हसीन कितना था..!!
“मत पूछो ये इश्क केसा होता है; बस जो रुलाता है ना उसे ही गले लगाकर रोने को जी चाहता है.”
कोई इल्जाम रह गया हो तो वो भी दे दो.. पहले भी हम बुरे थे, अब थोड़े और सही…!!
USS YAR KA KYA FAIDA… JISKA HAR KOI YAAR HO…
“इस मोहब्बत की किताब के दो ही सबक याद हुये, कुछ तुम जैसे आबाद हुये, कुछ हम जैसे बर्बाद हुये…!”
अंग्रेजी की किताब बन गई हो तुम | पसंद तो आती हो पर समझ् मे नही ||
वो मेरी न हुई तो ईसमेँ हैरत की कोई बात नहीँ, क्योँकि शेर से दिल लगाये बकरी की ईतनी औकात नही ।
“ये मत सोचो तुम छोङ दोगे तो हम मर जायेँगे ,वो भी जी रहे है जिनको तेरी खातिर हमने छोङा था”
“आज तो दिल भी धमकियाँ दे रहा है। कर याद उसे वरना धड़कना छोड़ दूंगा।”
“अंत में लिखी है दोनों की बर्बादी,आशिक़ हो या हो आतंकवादी”
तेरे गुरूर को देखकर तेरी तमन्ना ही छोड़ दी हमने, जरा हम भी तो देखे कौन चाहता है तुम्हे हमारी तरह.”
कैसे करू भरोसा गैरों के प्यार पर अपने ही मजा लेते हैं अपनों की हार पर.
कभी टूट KAR बिखरो तो मेरे पास आ जाना,मुझे अपने जैसे लोग बहुत पसंद हैं
तेरी मोह्हबत भी बादलों की तरह निकली, छाई मुझ पर और बरस किसी और पर गयी..
मेरी वफाओ को ठुकरा देने वाले काश तुझे भी किसी बेवफा से प्यार हो जाये.
मिले तो हजारो लोग थे, ज़िन्दगी में… पर वो सब से अलग थी, जो किस्मत में नहीं थी!
“रुक रुक के लोग देख रहे है मेरी तरफ. तुमने ज़रा सी बात को अखबार कर दिया.”
शिकायत जिन्दगी से नही उनसे हे जो जिन्दगी में नही है..!
तू कल भी दिल ❤ में थी.. और आज भी है.. बस कल तक Favorite list मे थी.. आज block list मे है..
मुस्कुरा देता हूँ अक्सर देखकर पुराने MESSAGE तेरे, तू झूठ भी कितनी सच्चाई से लिखती थी..!!
वफादार और तुम..? ख्याल अच्छा है, बेवफा और हम..? इल्जाम भी अच्छा है.
टूटता हुआ तारा सबकी दुआ पूरी करता है, क्योंकि उसे टूटने का दर्द मालूम होता है।
इन्कार है जिन्हे आज मुझसे मेरा वक्त देखकर, मै खूद को इतना काबील बनाउंगा वो मिलेंगे मूझसे वक्त लेकर!
बहुत भीड़ हो गयी है तेरे दिल में, अच्छा हुआ हम वक़्त पर निकल गए ..
तुझको लेकर मेरा ख्याल नहीं बदलेगा, साल बदलेगा, मगर दिल का हाल नहीं बदलेगा.
आज आई है मेरी याद उसे ! ज़रूर किसी ने ठुकराया होगा !!
कईं रोज से कोई नया जखम न दिया पता करो सनम ठीक तो है न !!
“गुज़र गया आज का दिन पहले की तरह ना हम को फुरसत मिली ना उनको ख्याल आया.
कईं रोज से कोई नया जखम न दिया पता करो सनम ठीक तो है न ..
वो अपनी मर्जी से बात करते हैँ और हम कितने पागल हैँ जो उनकी मर्जी का इंतजार करते हैं..!!!
मैं संभलने लगा जब..वह हद से गिरने लगी…
फ़िक्र तो तेरी आज भी करते है बस जिक्र करने का हक नही रहा .!!
“ना जाने क्यों कोसते हैं लोग बदसूरती को…बर्बाद करने वाले तो हसीन चेहरे होते हैं….!!”
KAISE BHULU WO GALI, JAHA MUJHE MERI ZINDAGI MILI.
Akal badaam khane se nahi, dhokha khane se badti hai.
आज कल  की Relationship ट्रस्ट से कम, ओर ScreenShot  से ज़्यादा चलती  है .
दर्द सहने की कुछ यु आदत सी हो गई है…. की अब दर्द न मिले तो दर्द सा होता है .
“बेशक तेरे फ़ोन की कोई उम्मीद तो नहीं लेकिन, पता नहीं क्या सोचकर, मैं आज भी नंबर नहीं बदलता.”
याद में नशा करता हूँ…. और नशे में याद करता हूँ….।।
लोग बेवजह ढूँढते हैँ खुदखुशी के तरीके हजार , इश्क करके क्यों नहीँ देख लेते वो एक बार..!
तकलीफ ये नही की किस्मत ने मुझे धोखा दिया, मेरा यकीन तुम पर था किस्मत पर नही.
में AASHIQI के उस LEVEL पर हु, जहाँ से ISHQ UNINSTALL भी नहीं हो सकता है.